तोड़े जाएंगे तलघर
इस अवसर पर उन्होंने कहा कि बिना अनुमति बने तलघरों एवं अनुमति के अनुरूप तलघरों का उपयोग नहीं करने एवं उनका अन्य में व्यवसायिक उपयोग करने वाले तलघरों के स्वामियों के विरूद्ध कार्रवाई करते हुए उन्हे तोड़ा जाए। उन्होंने साफ-सफाई व्यवस्था की समीक्षा के दौरान संतोष व्यक्त किया और कहा कि सफाई व्यवस्था और बेहतर बनाने के लिए योजनाबद्ध तरीके से कार्य करने की आवश्यकता है। इससे संसाधनों एवं समय की बचत होगी तथा परिणाम भी बेहतर मिलेंगे। उन्होंने ठेले वाले, खोमचे वाले और फेरीवालों को अनिवार्यत: डस्टबिन रखने की हिदायत देने तथा स्वच्छता कर के रूप में 30 रूपये प्रतिमाह लिए जाने के निर्देश दिये।
उन्होंने कहा कि शहर के प्रत्येक ठेले वाले, खोमचे वाले तथा फेरीवालों का सर्वे कर उनकी नंबरिंग की जाये। वे कहां खड़े होते हैं, का रिकार्ड संधारित किया जाये। इसके साथ ही उन्होंने उक्त व्यवसायियों के पास रखी गयी प्रत्येक डस्टबिन प्रतिदिन सांयकाल कचरा गाडी में संकलित करने भी निर्देश दिए। समीक्षा के दौरान होटल और मैरिज गार्डनों को आस-पास कचरा डंप करने वाले प्रतिष्ठानों के विरूद्ध 500 रूपये का अर्थदण्ड, सफाई व्यवस्था में ढिलाई नही करने की बात कही गई।
यह है बड़े बकायादार
नगरीय निकाय के बड़े बकायादारों में वंदना कान्वेन्ट स्कूल से 81 लाख 89 हजार 177 रूपये, शांति पब्लिक स्कूल से 5 लाख रूपये, बोहरा मस्जिद 12 लाख 81 हजार 280 रूपये, खान मार्केट प्रकाश टाकीज की गली से 8 लाख 39 हजार 771 रूपये तथा क्राइस्ट स्कूल से 81 लाख रूपये शामिल है। इस सभी के खिलाफ कुर्की कके साथ ही बैंक खाते सील करने की कार्रवाई की जाएगी। कलेक्टर ने 15 नवंबर 2020 की समय-सीमा तय करते हुए 15 करोड़ रूपये की राशि निकाय के बकायेदारों से तय करने का लक्ष्य भी निर्धारित किया।
